बलोदा बाजार। 41वें वार्षिक खान सुरक्षा पखवाड़ा–2025 के अंतर्गत पारितोषिक वितरण एवं समापन समारोह का आयोजन 12 अप्रैल को अम्बुजा कॉलोनी, रवान, बलोदा बाजार में किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य डायरेक्टर जनरल ऑफ माइंस सेफ्टी (DGMS) के बिलासपुर एवं रायगढ़ रीजन के अंतर्गत आने वाले गैर-कोयला खनन क्षेत्रों में कार्यरत अधिकारियों, कर्मचारियों, ठेकेदारों एवं श्रमिकों को खान सुरक्षा के क्षेत्र में उनके उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए सम्मानित करना था। इस अवसर पर कुल 66 खानों ने भाग लिया, जिनमें से 62 खानों को उनके बेहतर प्रदर्शन के लिए पुरस्कृत किया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ झंडारोहण एवं खान सुरक्षा शपथ के साथ हुआ, जिसके पश्चात अतिथियों ने विभिन्न खदानों द्वारा लगाई गई सुरक्षा प्रदर्शनियों का अवलोकन किया। मंचीय कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्ज्वलन एवं सरस्वती वंदना से हुई तथा अम्बुजा विद्यापीठ के छात्र-छात्राओं ने आकर्षक सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ दीं। मुख्य अतिथि के रूप में डिप्टी डायरेक्टर जनरल ऑफ माइंस सेफ्टी, पश्चिमी ज़ोन श्री रामावतार मीणा उपस्थित रहे। अपने संबोधन में उन्होंने खनन क्षेत्र में उत्पादन के साथ सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने पर बल देते हुए कहा कि सुरक्षित कार्य प्रणाली अपनाने से दुर्घटनाओं में कमी आती है और कार्यस्थल पर अनुशासन व जिम्मेदारी की भावना विकसित होती है। इस दौरान खान सुरक्षा पखवाड़ा–2025 की गतिविधियों की जानकारी भी दी गई, जिसकी शुरुआत 24 अक्टूबर 2025 को बिलासपुर में आयोजित वार्षिक सभा से हुई थी। इसके अंतर्गत 3 से 22 नवंबर तक ट्रेड टेस्ट प्रतियोगिताएँ तथा 25 नवंबर से 9 दिसंबर के बीच विभिन्न खदानों का निरीक्षण किया गया। कार्यक्रम में अनेक वरिष्ठ अधिकारियों की गरिमामयी उपस्थिति रही। अंत में आगामी वर्ष के लिए बीएसपी सेल, दल्ली राजहरा मैकेनाइज्ड माइंस को मेजबान घोषित किया गया। यह आयोजन खनन क्षेत्र में सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने और सुरक्षित कार्य संस्कृति को सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल साबित हुआ।